(सूचना सन्दर्भ संवाददाता)
भोपाल। विदिशा जिले के अपर कलेक्टर अनिल कुमार डामोर समेंत मध्य प्रदेश राज्य प्रशासनिक सेवा के 16 अधिकारियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस)े में पदोन्नत दे दी गई है। श्री डामोर को भारतीय प्रशासनिक सेवा का 2023 बैंच आवंटित हुआ है। कुछ अधिकारियों को विभागीय जांच के चलते प्रोमोशन नही दिया गया है। केंद्रीय कार्मिक, लोक शिकायत और पेंशन मंत्रालय (डीओपीटी) ने वर्ष 2023 और 2024 के लिए उपलब्ध आईएएस पदों पर यह परोन्नति की है। जिसमें 8 राज्य प्रशासनिक सेवा को वर्ष 2023 और 8 अधिकारियो को 2024 आवंटित हुआ है। इस बार की सूची में राकेश कुशरे और नंदा भलावे कुशरे दोनों को पदोन्नति मिल गई है।
विभागीय जांच से क्लीनचिट मिलने के बाद नारायण प्रसाद नामदेव और डॉ. कैलाश बुंदेला को भी आईएएस में प्रोमोशन मिला है। लंबे समय तक जांच लंबित रहने के कारण इन्हें पहले प्रमोशन से रोका गया था। उज्जैन नगर निगम के पूर्व कमिश्नर आशीष पाठक और वर्तमान में अपर कलेक्टर संतोष कुमार टिगोर भी इस बार आईएएस में पदोन्नत हो गए है।
जिन अधिकारियों को 2023 बैच का आईएएस बनाया गया है उनमें नारायण प्रसाद नामदेव, डॉक्टर कैलाश बुंदेला, नंदा भलावे कुशरे, अनिल कुमार डामोर, सविता झानिया, सारिका भूरिया, कमल सोलंकी, जितेंद्र सिंह चौहान, है जबकि 2024 बैच के आईएएस में संतोष कुमार टिगोर, निशा डामर, राकेश कुशरे, शैली कनाश, रोहन सक्सेना, कविता बतुला, सपना अनुराग जैन, आशीष कुमार पाठक शामिल है।
आईएएस बनने के लिए 56 वर्ष से कम होनी चाहिए जिसके चलते राज्य प्रशासनिक सेवा के अधिकारी विवके सिंह, पंकज शर्मा को आईएएस नही मिल पाया है। इसके अतिरिक्त जयेंद्र कुमार विजयवत, मनोज मालवीय, कमल चंद्र नागर, द्वारका प्रसाद बर्मन, कमलेश पुरी और सरोधन सिंह विभागीय जांच चलते पदोन्नति से वंचित रह गये है।





