जितना पसीना बहेगा, जीत उतना ही निकट आएगी: योगी
लखनऊ(24×7न्यूजटाइम संवाददाता)। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को लोकभवन में आयोजित खेल पुरस्कार एवं नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में खिलाड़ियों को सम्मानित करते हुए उन्हें सफलता का मूल मंत्र दिया। उन्होंने कहा कि “जितना पसीना बहेगा, जीत उतना ही निकट आएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हर पदक के पीछे संघर्ष, अनुशासन और अटूट संकल्प की कहानी होती है। प्रतिभा केवल शुरुआत करती है, लेकिन लक्ष्य तक पहुंचाने का काम मेहनत करती है। खेल हमें गिरना, उठना और फिर जीतना सिखाता है—जो गिरने से डरता है, वह उठ नहीं पाता और जो उठने में देर करता है, वह जीत से दूर रह जाता है।
योगी ने लक्ष्मण और रानी लक्ष्मीबाई पुरस्कार पाने वाले खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि इन पुरस्कारों की राशि बढ़ाने का समय आ गया है। उन्होंने खेल विभाग को निर्देश दिया कि अगले वर्ष से इसे 3.11 लाख रुपये से बढ़ाकर 10-10 लाख रुपये किया जाए।
उन्होंने कहा कि लक्ष्मण समर्पण और अनुशासन के प्रतीक हैं, जबकि रानी लक्ष्मीबाई पुरस्कार नारी शक्ति, स्वाभिमान और पराक्रम का प्रतीक है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जो समाज नारी शक्ति का सम्मान करता है, वही दीर्घकाल तक अपना अस्तित्व बनाए रखता है। नवरात्र जैसे पर्व मातृशक्ति के प्रति आस्था और समर्पण का प्रतीक हैं। नारी सम्मान, सुरक्षा और स्वावलंबन को बढ़ावा देना समृद्ध समाज की नींव है।
उन्होंने कहा कि करीब 25 करोड़ की आबादी वाला उत्तर प्रदेश देश की सबसे बड़ी युवाशक्ति का केंद्र है। प्रदेश की 56 फीसदी आबादी युवा है, जो इसकी सबसे बड़ी कार्यशील ताकत है। यही युवा प्रदेश को ‘बीमारू राज्य’ की छवि से बाहर निकालकर देश की अर्थव्यवस्था का ग्रोथ इंजन बना रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए खेलो इंडिया और फिट इंडिया मूवमेंट का उल्लेख करते हुए कहा कि 2017 के बाद प्रदेश में भी खेल संस्कृति को नई दिशा मिली है।
उन्होंने कहा कि ब्लॉक स्तर तक खेल मैदान, ओपन जिम और मिनी स्टेडियम विकसित किए जा रहे हैं। ग्रामीण लीग जैसी पहल से गांवों में भी खेल प्रतिभाओं को मंच मिल रहा है।
योगी ने बताया कि मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय का निर्माण पूरा हो चुका है और इसका लोकार्पण मई-जून में किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हर मंडल में स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित कर उन्हें किसी एक खेल के ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ के रूप में विकसित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश सरकार ने पिछले 9 वर्षों में खिलाड़ियों को 200 करोड़ रुपये से अधिक की पुरस्कार राशि दी है। ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने वाले खिलाड़ी को 6 करोड़, रजत को 4 करोड़ और कांस्य पदक विजेता को 2 करोड़ रुपये दिए जाते हैं।
इसके अलावा, 500 से अधिक खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में नियुक्ति दी जा चुकी है, जिससे खेल को करियर के रूप में अपनाने के लिए युवाओं को प्रोत्साहन मिल रहा है।
योगी ने कहा कि पहले खेलों की उपेक्षा होती थी और खेल मैदानों पर अवैध कब्जे हो जाते थे, लेकिन अब प्रदेश में खेल बजट कई गुना बढ़ाया गया है। गांव-गांव में खेल मैदान और शहरों में आधुनिक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं।
उन्होंने कहा कि पुराने खिलाड़ियों को प्रशिक्षक बनाकर नई पीढ़ी को तैयार किया जा रहा है, जिससे उनके अनुभव का लाभ युवाओं को मिल सके।
मुख्यमंत्री ने जापान की कार्यसंस्कृति काइज़ेन (निरंतर सुधार) और मोनो-जुकुरी (उत्कृष्ट निर्माण) का जिक्र करते हुए कहा कि हर क्षेत्र में लगातार सुधार और बेहतर करने की भावना ही सफलता का आधार है।
मुख्यमंत्री ने लोकभवन में बटन दबाकर एकलव्य क्रीड़ा कोष से खिलाड़ियों के लिए आर्थिक सहायता का अंतरण भी किया और उन्हें भविष्य में बेहतर प्रदर्शन के लिए शुभकामनाएं दीं।
समारोह में जिन खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में नियुक्ति दी गई, उनमें राजकुमार पाल (हॉकी) – डीएसपी, प्रवीण कुमार (पैरालंपिक, ऊंची कूद) – डीएसपी, अजीत सिंह (पैरालंपिक, भाला फेंक) – जिला पंचायत राज अधिकारी, सिमरन (पैरालंपिक, एथलेटिक्स) – जिला पंचायत राज अधिकारी, प्रीतिपाल (पैरालंपिक, एथलेटिक्स) – खंड विकास अधिकारी और रिंकू सिंह (क्रिकेट) – क्षेत्रीय क्रीड़ा अधिकारी बनाया गया है।
लक्ष्मण अवॉर्ड के तहत खिलाड़ियों को 3.11 लाख रुपये, कांस्य प्रतिमा और प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। सम्मानित खिलाड़ियों में उत्तम सिंह (हॉकी, गाजीपुर), अभिजीत कुमार (जिम्नास्टिक, प्रयागराज), जोंटी कुमार (कुश्ती, नोएडा), यश कुमार (पैरा कैनोइंग, आगरा) और प्रवीण कुमार (पैरा एथलेटिक्स, नोएडा) शामिल रहे।
रानी लक्ष्मीबाई अवॉर्ड के तहत भी 3.11 लाख रुपये, कांस्य प्रतिमा और प्रशस्ति पत्र प्रदान किए गए। यह सम्मान पाने वाली खिलाड़ियों में प्राची (एथलेटिक्स, सहारनपुर), तान्या चौधरी (एथलेटिक्स, बागपत), प्रगति केसरवानी (पैरा टेबल टेनिस, लखनऊ) और वंतिका अग्रवाल (शतरंज, नोएडा) शामिल रहीं।
प्रदेश सरकार ने विभिन्न खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 14 खिलाड़ियों को कुल 1.64 करोड़ रुपये की पुरस्कार राशि प्रदान की। इनमें पैरा पावरलिफ्टिंग, शूटिंग, वुशु, पर्वतारोहण, सॉफ्ट टेनिस और कैनोइंग जैसे खेलों के खिलाड़ी शामिल हैं।
समारोह में खेल मंत्री, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में खिलाड़ी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने सभी खिलाड़ियों को अनुशासित जीवनशैली अपनाने और देश के लिए पदक जीतने का संकल्प लेने का आह्वान किया।





