Tuesday, July 21, 2026
spot_img

अयोध्या को दीपोत्सव पर मिलेगा वैक्स म्यूजियम का उपहार

(24X7न्यूजटाइम संवाददाता)
अयोध्या। इस बार दीपोत्सव के अवसर पर अयोध्या को एक अनूठा उपहार मिलने जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल पर तैयार हो रहे एक भव्य वैक्स म्यूजियम को श्रद्धालु व पर्यटकों के लिए लोकार्पित किया जाएगा। यह म्यूजियम श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के परिक्रमा मार्ग पर 10 हजार वर्ग फीट के विशाल क्षेत्र में बन रहा है। इस म्यूजियम में भगवान श्रीराम सहित रामायण के करीब 50 प्रमुख पात्रों के मोम के पुतले प्रदर्शित किए जाएंगे, जो न केवल श्रद्धालुओं बल्कि पर्यटकों को भी इतिहास और संस्कृति का जीवंत अनुभव प्रदान करेंगे। इस परियोजना पर अब तक करीब 7.5 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं।
योगी सरकार ने अयोध्या को वैश्विक पर्यटन के नक्शे पर स्थापित करने के लिए कई महत्वाकांक्षी परियोजनाओं की शुरुआत की है। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर के निर्माण के बाद से अयोध्या में श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या में लगातार वृद्धि हो रही है। इस वैक्स म्यूजियम के निर्माण से न केवल धार्मिक पर्यटन को बल मिलेगा, बल्कि यह रामायण के मूल्यों और भारतीय संस्कृति को विश्व पटल पर और अधिक प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करेगा। यह म्यूजियम अयोध्या के सांस्कृतिक और ऐतिहासिक महत्व को उजागर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
प्रवेश करते ही मंदिर, वेशभूषाएं देख याद करेंगे त्रेता युग
परिक्रमा मार्ग पर बन रहा यह वैक्स म्यूजियम आधुनिक तकनीक और कला का अनूठा संगम होगा। 10 हजार वर्ग फीट के क्षेत्र में फैले इस म्यूजियम में प्रवेश करते ही पहले श्रीराम का मंदिर मिलेगा। अंदर रामायण के 50 प्रमुख पात्रों के मोम के पुतले प्रदर्शित किए जाएंगे। इनमें भगवान श्रीराम, माता सीता, लक्ष्मण, हनुमान, सुग्रीव, जटायु जैसे पात्र शामिल होंगे। प्रत्येक पुतले को इस तरह से डिज़ाइन किया जा रहा है कि वे जीवंत और यथार्थवादी प्रतीत हों। इन पुतलों को बनाने में महाराष्ट्र की एक संस्था केरल के विशेषज्ञों की सेवाएं ले रही हैं, ताकि पात्रों के हाव-भाव, वेशभूषा और ऐतिहासिक संदर्भों को पूरी तरह से जीवंत किया जा सके।
ऑडियो विजुअल बच्चों को करेंगे आकर्षित
म्यूजियम में रामायण के प्रमुख प्रसंगों को भी दृश्यात्मक रूप से प्रस्तुत किया जाएगा, जैसे राम-रावण युद्ध, सीता हरण, हनुमान की लंका यात्रा और राम-सेतु निर्माण। इन दृश्यों को देखकर आगंतुकों को ऐसा प्रतीत होगा मानो वे रामायण काल में पहुंच गए हों। इसके अलावा, म्यूजियम में आधुनिक तकनीकों जैसे ऑडियो-विजुअल प्रभाव और इंटरैक्टिव डिस्प्ले का भी उपयोग किया जाएगा, जो बच्चों और युवाओं को विशेष रूप से आकर्षित करेगा।
नगर निगम कर रहा लगातार मॉनिटरिंग
यह परियोजना पीपीपी मॉडल पर संचालित है। जैसे अमानीगंज में भूल भुलैया का निर्माण कराया गया है। अब तक इस परियोजना पर करीब 7.5 करोड़ रुपये खर्च हो चुके हैं। म्यूजियम का निर्माण कार्य तेजी से चल रहा है और इसे दीपोत्सव 2025 के अवसर पर जनता के लिए खोलने की योजना है। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने बताया इसके निर्माण की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।
स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मिलेगी मजबूती
अयोध्या पहले से ही अपने धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व के लिए विश्वविख्यात है। श्रीराम जन्मभूमि मंदिर, हनुमानगढ़ी, कनक भवन और सरयू नदी जैसे स्थल हर साल लाखों श्रद्धालुओं को आकर्षित करते हैं। वैक्स म्यूजियम के बनने से अयोध्या की सांस्कृतिक विरासत को एक नया आयाम मिलेगा। यह म्यूजियम न केवल धार्मिक पर्यटकों के लिए, बल्कि इतिहास और संस्कृति में रुचि रखने वाले लोगों के लिए भी एक प्रमुख आकर्षण होगा। विशेषज्ञों का मानना है कि यह परियोजना स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती देगी।
इस बार यादगार होगा दीपोत्सवरू मंडलायुक्त
मंडलायुक्त राजेश कुमार ने बताया कि संकल्प स्वरूप अयोध्या को विश्वस्तरीय धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र बनाने का कार्य किया जा रहा है। वैक्स म्यूजियम इस दिशा में एक और कदम है। अयोध्या में सड़कों का चौड़ीकरण, सरयू नदी के घाटों का सौंदर्यीकरण और अन्य बुनियादी ढांचों का विकास भी तेजी से हो रहा है। दीपोत्सव के दौरान हर साल अयोध्या में लाखों दीप जलाए जाते हैं, जो इसे विश्व रिकॉर्ड का हिस्सा बनाते हैं। इस बार वैक्स म्यूजियम का उद्घाटन दीपोत्सव को और भी यादगार बना देगा।

 

spot_img

Related Articles

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisement -spot_img
- Advertisement -spot_img

Latest Articles