(24×7न्यूजटाइम संवाददाता)
अहमदाबाद । केन्द्रीय रेल एवं आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने गुरूवार को यहां कहा कि केन्द्र सरकार ने सेमीकंडक्टर के 10 प्रोजेक्ट मंजूर किए हैं। गुजरात में साणंद व धोलेरा सहित सेमीकॉन प्रोजेक्ट बहुत ही तेजी से आगे बढ़ रहे हैं।
श्री वैष्णव ने आगे कहा कि इसके लिए टीम गुजरात अभिनंदन की अधिकारी है। गुजरात के सचिव सीईओ की तरह कार्य करते हैं। मैं मुख्यमंत्री सहित समग्र एफिशिएंट टीम को शुभकामना देता हूँ। वह गुजरात में अहमदाबाद जिले के साणंद में आज भारत की पहली एंड टु एंड आउटसोर्स सेमीकंडक्टर असेंबली टेस्ट (ओसैट) फैसिलिटी की शुरूआत होने के अवसर पर बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री का विजन है कि भारत सेमीकंडक्टर क्षेत्र में हब बने। गुजरात देश का ऐसा पहला राज्य है, जिसने सेमीकंडक्टर पॉलिसी बनाई है। राज्य सरकार के लगातार मिलने वाले सहयोग से इस क्षेत्र में तेज काम चल रहा है। देश का सपना है कि भारत में ही सेमीकंडक्टर चिप की डिजाइन बने तथा देश में ही उसका निर्माण हो। उन्होंने आशा व्यक्त की कि सीजी पावर के यहाँ स्थित प्लांट की पायलट लाइन पर शीघ्र ही देश की पहली सेमीकंडक्टर चिप तैयार होगी और प्रधानमंत्री के करकमलों से जारी होगी। भारत सेमीकंडक्टर क्षेत्र में टैलेंट पावर बनेगा।
केन्द्रीय रेल एवं आईटी मंत्री ने कहा कि देश में 270 विश्वविद्यालयों तथा संस्थानों के सहयोग से सेमीकंडक्टर क्षेत्र में आवश्यक कौशल्यवान युवा तैयार किए जा रहे हैं। ये युवा आगामी समय में देश की एक बड़ी शक्ति बनेंगे। आज देश के 70 विश्वविद्यालयों के विद्यार्थियों द्वारा लगभग 25 चिप की डिजाइन तैयार की गई है और उसका निर्माण भी हो रहा है। विश्व में बहुत कम देश ऐसे हैं, जहाँ चिप की डिजाइन तथा निर्माण, दोनों इस प्रकार होते हों।
राज्य के उद्योग मंत्री बलवंतसिंह राजपूत ने इस अवसर पर कहा कि साणंद स्थित प्लांट के प्रारंभ से गुजरात अब सेमीकंडक्टर का हब बन चुका है, जिसका गौरव है। प्रधानमंत्री के मार्गदर्शन में गुजरात ने विकास की नई ऊँचाइयाँ पार की हैं। वर्ष 2003 में वाइब्रेंट गुजरात के प्रारंभ के बाद राज्य में आर्थिक एवं औद्योगिक क्रांति आई है। गुजरात सेमीकंडक्टर तथा एआई जैसे नए क्षेत्रों में भी अग्रसर है। राज्य सरकार की विशेष नीतियों, सिंगल विंडो सिस्टम, अंतरढाँचागत सुविधाओं तथा परिवहन सेवाओं आदि के कारण गुजरात ने उद्योगों का विश्वास जीता है।
सीजी पावर के चेयरमैन वेलायन सुबैया ने कहा कि यह शुरुआत केवल सीजी पावर के लिए ही नहीं, बल्कि समग्र देश के लिए एक माइल स्टोन बनेगी। इस प्लांट के प्रारंभ के साथ भारत सेमीकंडक्टर क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनने की ओर अग्रसर बनेगा।
सीजी सेमी के चेयरमैन श्री गिरीश चतुर्वेदी ने स्वागत संबोधन किया और राज्य के विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग (डीएसटी) की सचिव पी. भारती ने गुजरात में सेमीकंडक्टर क्षेत्र में गुजरात सरकार की पहलों तथा कामकाज की प्रगति की चर्चा की।





