(24×7न्यूजटाइम संवाददाता)
पूर्णिया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (राजद) पर घुसपैठियों को बचाने का आरोप लगाते हुए सोमवार को कहा कि सीमांचल और पूर्वी भारत में घुसपैठियों के कारण “डेमोग्राफी” पर बहुत बड़ा संकट खड़ा हो चुका है और दोनो पार्टियों की वजह से ना केवल बिहार के सम्मान को खतरा है बल्कि बिहार की पहचान को भी खतरा है।
श्री मोदी ने पूर्णिया में रैली को संबोधित करते हुए आज कहा कि डेमोग्राफी में हुए बदलाव की वजह से बिहार , बंगाल, असम जैसे कई राज्यों के लोग अपनी बहनों बेटियों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं जिसे देखते हुए उन्होंने लाल किले से डेमोग्राफिक मिशन की घोषणा की थी । उन्होंने कहा कि वोट बैंक के स्वार्थी में कांग्रेस- राजद और उसके इकोसिस्टम के लोग घुसपैठियों की वकालत करने और उन्हें बचाने में लगे हैं । श्री मोदी ने कहा कि बेशर्मी के साथ विदेश से आए घुसपैठियों को बचाने के लिए कांग्रेस -राजद के लोग नारे लगा रहे हैं और यात्राएं निकाल रहे हैं ।
प्रधानमंत्री ने कहा कि कांग्रेस और राजद से ना केवल बिहार के सम्मान को खतरा है बल्कि बिहार की पहचान को भी खतरा है। उन्होंने कांग्रेस और राजद के नेताओं पर बिहार और देश के संसाधन तथा सुरक्षा दोनों को दांव पर लगाने का आरोप लगाते हुए चेतावनी दी के जो भी घुसपैठिये बिहार और देश में आ गए है उसे बाहर जाना ही होगा।
श्री मोदी ने घुसपैठ पर ताला लगाने को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी बताते हुए विपक्ष को चुनौती दी कि जो भी नेता घुसपैठियों के बचाव में खड़े हैं और उन्हें बचाने के लिए मैदान में उतर गए हैं, वह चाहे जितना जोर लगा ले, घुसपैठियों को हटाने के संकल्प पर काम चलता रहेगा ।
प्रधानमंत्री ने घुसपैठियों की ढाल बनने वाले नेताओं को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा, “भारत में भारत का कानून चलेगा, घुसपैठियों की मनमानी नहीं चलेगी”।
श्री मोदी ने घुसपैठियों पर कार्यवाई होने की गारंटी देते हुए कहा कि देश इसका अच्छा परिणाम भी देखेगा । उन्होंने कहा कि “जनता देख रही है कि घुसपैठ के समर्थन में कांग्रेस और राजद यात्रा निकाल रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिहार और देश की जनता ऐसे लोगों को बहुत करारा जवाब देने जा रही है”।
इस रैली में बिहार के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, बिहार के दोनो उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी तथा विजय सिन्हा, गिरिराज सिंह, ललन सिंह सहित कई केंद्रीय मंत्रियों, नीतीश मंत्रिमंडल के सहयोगी और राजग के नेता शामिल हुए ।
अपने संबोधन से पहले प्रधानमंत्री ने 36,000 करोड़ रुपये की विकास की परियोजनाओं का शिलान्यास और लोकार्पण किया,मखाना बोर्ड की स्थापना की घोषणा की, चार ट्रेनों को हरी झंडी दिखाई तथा पूर्णिया एयरपोर्ट से पहली वाणिज्यिक उड़ान की शुरुआत भी किया।





