सीएम योगी ने दी श्रद्धालुओं को बधाई, सबकी मनोकामनाएं पूर्ण करने की माँ गंगा से की प्रार्थना
(24×7न्यूजटाइम संवाददाता)
प्रयागराज। माघ मेला के चौथे स्नान पर्व बंसत पंचमी के मौके पर तीर्थराज प्रयाग में गंगा यमुना और अदृश्य सरस्वती के पावन संगम पर 3.56 करोड़ से अधिक श्रद्धालु ने आस्था की डुबकी लगाई। सरकार एवं प्रशासन की अभूतपूर्व व्यवस्था से माघ मेले में श्रद्धालुओं ने शांतिपूर्ण स्नान किया वहीं दशकों का रिकॉर्ड टूट गया। ऋतुराज बसंत के आगमन और विद्या की देवी सरस्वती की उपासना का पर्व बसंत पंचमी आज देश भर में श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इस मौके पर प्रयागराज के संगम में सरस्वती की धारा की मान्यता की वजह से देश के कोने-कोने से स्नान करने के लिए आने वाले श्रद्धालुओं का तांता लगा हुआ है। श्रद्धालु त्रिवेणी के तट पर गंगा-यमुना और अदृश्य सरस्वती की धारा में डुबकी लगाकर विद्या की देवी सरस्वती की आराधना कर उनसे ज्ञान व सदबुद्धि की कामना कर रहे हैं। संगम पर लगे माघ मेले के तमाम पंडालों में सरस्वती की पूजा और आरती कर उन्हें प्रसन्न करने की कोशिश की जा रही है।
बसंत पंचमी के मौके पर संगम तट पर श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा है। संगम की तरफ़ जाने वाला हर रास्ता श्रद्धालुओं की भीड़ से पटा पड़ा हुआ है। देश के कोने-कोने से आने वाले श्रद्धालु ज्ञान और विद्या की देवी सरस्वती की अदृश्य धारा और गंगा-यमुना के जल में डुबकी लगाकर पुण्य लाभ प्राप्त कर रहे हैं। श्रद्धालु इस मौके पर मोक्षदायिनी गंगा और ज्ञान की देवी सरस्वती से अपनी मनोकामनाये मांग रहे हैं।
बसंत पंचमी पर युवा वर्ग सरस्वती की कृपा बनी रहने और गृहस्थ सदबुद्धि की कामना कर रहे हैं। संगम पर रात से ही बसंत पंचमी का स्नान शुरू हो गया है और बारह बजे तक दो करोड़ चार लाख श्रद्धालुओं के आस्था की डुबकी लगाई है, वहीं दूसरी तरफ तमाम पंडालों में विद्या की देवी सरस्वती की पूजा और आरती कर उनसे आशीर्वाद लिया जा रहा है।
माघ मेला के चौथे स्नान पर्व पर कल्पवासियों सहित मेला क्षेत्र में साधना रत सभी प्रमुख संतों और धर्माचार्यों ने पुण्य की डुबकी लगाई। पूर्वाम्नाय श्री गोवर्द्धनमठ – पुरी पीठाधीश्वर शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती अपने शिष्यों के साथ त्रिवेणी तट पर पहुंचे। प्रशासन द्वारा निर्धारित स्थान से पैदल चलकर संगम नोज पहुंचे शंकराचार्य स्वामी निश्चलानंद सरस्वती ने पूरी सादगी और आस्था के साथ मां गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती की पावन धारा में पुण्य स्नान किया। इसके अलावा सभी दंडी स्वामी संतो, रामानंदी और रामानुजाचारी संतों ने भी बसंत पंचमी में गंगा और त्रिवेणी में पुण्य डुबकी लगाई। किन्नर अखाड़े के सदस्य भी पूरे उत्साह और भक्ति के साथ संगम तट पहुंचे और बसंत पंचमी का पुण्य स्नान किया।
माघ मेले के बसंत पंचमी स्नान पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी संगम में स्नान करने वाले सभी श्रद्धालुओं को बधाई दी है। सीएम योगी ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि वसंत पंचमी के पावन अवसर पर आज तीर्थराज प्रयाग में त्रिवेणी में पुण्य स्नान का सौभाग्य प्राप्त कर रहे सभी श्रद्धालुओं को हार्दिक बधाई। पावन संगम में ‘आस्था की डुबकी’ सभी के लिए शुभ-फलदायी हो, सबकी मनोकामनाएं पूर्ण हों, माँ गंगा से यही प्रार्थना है।





